
रायपुर :१नवम्बर यानि छत्तीसगढ़ राज्य की स्थापना दिवस को मानाने में पूरा प्रशासन का अमला लगा हुआ है, वही खनिज विभाग और परिवहन विभाग मिलकर सरकार के सपनो को चूर चूर करने पर आमादा है !सरकार की जहा छवी को ख़राब करने में दोनों विभाग मिलकर कोई कोर कसार नहीं छोड़ रहे है ,वही प्रदेश के मुखिया भूपेश बघेल अपने वादों और गरीबो किसानो के लिए समूचे भारत में ख्याति बटोर रहे है ,और वही उनके सपनो के छत्तीसगढ़ को तोड़ने के लिए कुछ विभाग के अधिकारी कर्मचारी भ्रस्टाचार की नई इबरत लिख रहे है !छत्तीसगढ़ में इन दिनों अवैध उत्खनन और ओवरलोड का खेल खुलेआम चल रहा जिस पर महज खाना पूर्ति के लिए कार्यवाही साल दो साल में कर दी जाती है ,और खनिज माफियाओ द्वारा फेके जाने वाले टुकड़े को प् कर खामोश हों जाने वाले, शासन को राजस्व का पलीता लगाते है ,सरकार ने जिन पर भरोषा कर गौढ़ खनिज की रखवाली का जिम्मा सौपा अब वही खुलेआम इस की लूट की छूट दे रहे !जोगी एक्सप्रेस ने पूर्व में भी कई खबरे इस पर प्रकाशित करता आ रहा परन्तु कोई संज्ञान जब नहीं लिया गया तो विधायक और संबधित विभाग के मंत्री को भी इस की सुचना खबरों के माध्यम से निरंतर दी जा रही थी जिसका असर अब धीरे धीरे देखने को मिल रहा है !
*****क्या है मामला ****
बैकुठ्पुर कोरिया में रेत के अवैध उत्खनन और तस्करी को लेकर लगातार शिकायतों और निर्देशों के बावजूद कार्यवाही ना होते देख बैकुंठपुर विधायक अम्बिका सिंहदेव ने खुद मोर्चा सम्हालते हुए अवैध उत्खनन छेत्र आज तडके पहुची जहा पर अवैध उत्खनन करते 10 हाईवा व 5मिनी ट्रक को अवैध रूप से रेत खनन करते रंगे हांथो पकड़ा. विधायक अंबिका सिंहदेव जिस जगह पहुँची थीं, वह जगह थी चिरमी, जहां गेज नदी की रेत का बेधड़क उत्खनन कई दिनों से जारी था। MLA अंबिका सिंहदेव खुद प्रशासन को सूचना दे रहीं थीं और निर्देश भी कि, कार्यवाही हो और रेत उत्खनन रुके, लेकिन प्रशासन की ओर से कोई कार्यवाही नहीं हुई, उसके उलट रेत उत्खनन की रफ़्तार और बढ़ गई।
विधायक अंबिका सुबह सुबह खुद मौक़े पर जा पहुँची और उत्खनन कर रही गाड़ियों को पकड़ा। इनमें सात ट्रेक्टर और पाँच मिनी हाईवा थे। विधायक के खुद पहुँचने की खबर के बाद पुलिस मौक़े पर पहुँची, वहीं प्रशासन को श्रीमती अंबिका सिंहदेव ने जमकर फटकार लगाई।
कार्यवाही य खाना पूर्ति
शासन को जब भी इस तरह से अवैध कार्यो के प्रति समाज का चौथा स्तंभ सजग करता है ,तभी कुम्भकर्णी निद्रा से उठ कर तिलमिलाए अधिकारी कर्मचारी खाना पूर्ति तो कर देते है ,लेकिन हफ्ता दस दिन तो बहुत दूर महज 24 घंटे के भीतर ही अवैध खनन माफियाओ की मजबूत सेटिंग के आगे फिस्सडी हो जाने वाले अधिकारियो और कर्मचारियों पर सरकार कब नकेल कसेगी यह समय ही तय करेगा
Source: National
